अगर आप लाडकी बहिन योजना का लाभ ले रही हैं, तो e-KYC से जुड़ी जानकारी आपके लिए जरूरी है। e-KYC के जरिए लाभार्थी की पहचान और योजना से जुड़ी जानकारी का सत्यापन किया जाता है, ताकि पात्र महिलाओं को मिलने वाली आर्थिक सहायता में परेशानी न हो। इस लेख में हम लाडकी बहिन योजना e-KYC की प्रक्रिया, आवश्यक जानकारी और इससे जुड़े जरूरी नियम आसान हिंदी में बताएंगे।
महत्वपूर्ण जानकारी: लाडकी बहिन योजना e-KYC लाभार्थी महिला की पहचान और योजना से जुड़ी जानकारी के सत्यापन की प्रक्रिया है। e-KYC पूरा करने के लिए आधार से जुड़ी जानकारी की जरूरत होती है। योजना के तहत पात्र महिलाओं को हर महीने ₹1,500 की आर्थिक सहायता DBT के माध्यम से बैंक खाते में दी जाती है। e-KYC से जुड़ी प्रक्रिया और स्थिति की जांच आधिकारिक योजना पोर्टल पर की जा सकती है।
लाडकी बहिन योजना e-KYC क्यों जरूरी है?
e-KYC से लाभार्थी महिला की पहचान की पुष्टि होती है और योजना के रिकॉर्ड में दी गई जानकारी का सत्यापन होता है। इससे लाभ सही लाभार्थी तक पहुंचाने में सहायता मिलती है। e-KYC प्रक्रिया में लाभार्थी के आधार के साथ पति या पिता के आधार का सत्यापन भी शामिल है। सफल सत्यापन के बाद पोर्टल पर e-KYC पूरी होने का संदेश दिखाई देता है।
Ladki Bahin Yojana 2026 के बारे में जानें
| योजना का नाम | मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहिन योजना (Mukhyamantri Majhi Ladki Bahin Yojana) |
| राज्य | महाराष्ट्र |
| विभाग | महिला एवं बाल विकास विभाग |
| मासिक लाभ | ₹1,500 |
| आयु सीमा | 21 से 65 वर्ष |
| भुगतान का तरीका | DBT |
| प्रक्रिया का माध्यम | ऑनलाइन पोर्टल और ऑफलाइन केंद्र |
| आधिकारिक पोर्टल | ladakibahin.maharashtra.gov.in |
| शिकायत हेल्पलाइन | 181 |
लाडकी बहिन योजना e-KYC के लिए पात्रता
e-KYC मुख्य रूप से उन महिलाओं के लिए है जिनका नाम लाडकी बहिन योजना की पात्र लाभार्थी सूची में दर्ज है। योजना की मूल पात्रता के अनुसार:
- आवेदक महिला महाराष्ट्र की स्थायी निवासी होनी चाहिए और उसके पास निवास का प्रमाण होना चाहिए
- महिला की आयु 21 वर्ष से 65 वर्ष के बीच होनी चाहिए
- परिवार की कुल सालाना आय ढाई लाख रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए
- महिला के नाम पर आधार से जुड़ा बैंक खाता होना जरूरी है, ताकि राशि सीधे जमा हो सके
- परिवार में कोई भी सदस्य सरकारी कर्मचारी या आयकरदाता न हो
e-KYC करने के लिए किन दस्तावेजों की जरूरत होगी
दस्तावेजविवरणआधार कार्डलाभार्थी महिला का 12 अंकों का नंबरआधार से जुड़ा मोबाइलOTP इसी नंबर पर आएगापति या पिता का आधारउनका सत्यापन भी होता हैबैंक पासबुकआधार से लिंक खाते की जानकारीजाति श्रेणी की जानकारीफॉर्म में चुननी होती है
ध्यान रखें – e-KYC के दौरान लाभार्थी और पिता या पति, दोनों का मोबाइल नंबर आधार से जुड़ा होना जरूरी है, क्योंकि दोनों के मोबाइल पर अलग-अलग ओटीपी आता है। नंबर जुड़ा न हो या बदल चुका हो, तो प्रक्रिया रुक जाती है। इसलिए e-KYC शुरू करने से पहले आधार में मोबाइल नंबर की जांच कर लेना समझदारी है।
लाडकी बहिन योजना e-KYC कैसे करें? (Offline Process)
ओटीपी न आने, मोबाइल नंबर बदल जाने या पति या पिता का निधन हो जाने जैसी समस्या में ऑफलाइन तरीका अपनाएं। इसके लिए अपने नजदीकी आंगनवाड़ी केंद्र, तहसील कार्यालय या सीएससी केंद्र पर जाएं।
अपने मूल दस्तावेज साथ ले जाएं, जैसे आधार कार्ड और बैंक पासबुक। वहां के कर्मचारी आपकी जानकारी दर्ज करके सत्यापन पूरा करते हैं। जिन महिलाओं की e-KYC में गलती हो गई थी, वे भी सुधार के लिए इन्हीं केंद्रों पर जा सकती हैं।
मोबाइल से लाडकी बहिन योजना e-KYC करने की प्रक्रिया
लाभार्थी महिला घर बैठे e-KYC की प्रक्रिया कुछ आसान चरणों में पूरी कर सकती है:
- मोबाइल के ब्राउजर में ladakibahin.maharashtra.gov.in खोलें और मुख्य पृष्ठ पर e-KYC के विकल्प पर क्लिक करें।

- अपना आधार नंबर और कैप्चा कोड सही-सही भरें।
- सहमति का चिह्न लगाकर “OTP भेजें” दबाएं। ओटीपी आपके आधार से जुड़े मोबाइल पर आता है।
- आधार से जुड़े मोबाइल पर आया ओटीपी दर्ज करें और सत्यापन पूरा करें।
- पिता या पति का आधार नंबर डालें और उनके मोबाइल पर आया ओटीपी भरें। उस समय उनका मोबाइल पास रखें।
- अपनी जाति श्रेणी चुनें और सभी घोषणाएं ध्यान से पढ़कर स्वीकार करें। सरकारी कर्मचारी वाले प्रश्न का उत्तर सोच-समझकर दें।
- सारी जानकारी जांचकर जमा करें दबाएं। पुष्टि संदेश आने पर उसका स्क्रीनशॉट सुरक्षित रख लें।
वेबसाइट पर e-KYC के विकल्प और चरण समय के साथ बदल सकते हैं। ऐसे में स्क्रीन पर दिखाई देने वाले मौजूदा निर्देशों को देखकर ही प्रक्रिया पूरी करें।
लाडकी बहिन योजना e-KYC के दौरान आधार का सत्यापन कैसे होगा
आधार सत्यापन में अलग-अलग चरणों में OTP का उपयोग किया जाता है। सरकारी प्रक्रिया में पहले लाभार्थी महिला के आधार का सत्यापन होता है। इसके बाद निर्धारित स्थिति में पति या पिता के आधार का सत्यापन किया जाता है।
| चरण | क्या होता है |
|---|---|
| आधार दर्ज करना | नंबर और कैप्चा से पहचान शुरू होती है |
| पहला ओटीपी | लाभार्थी के मोबाइल पर आता है |
| दूसरा ओटीपी | पिता या पति के मोबाइल पर आता है |
| अंतिम जांच | सभी जानकारी सत्यापित होकर जमा होती है |
- लाभार्थी और पिता या पति, दोनों का मोबाइल नंबर आधार से जुड़ा होना चाहिए।
- ओटीपी बार-बार गलत डालने से आधार अस्थायी रूप से बंद हो सकता है।
- ओटीपी न आए तो कुछ देर बाद दोबारा प्रयास करें।
e-KYC में बैंक खाते की जानकारी क्यों जरूरी है?
योजना की राशि DBT के जरिए सीधे आधार से जुड़े बैंक खाते में जाती है। अगर खाता आधार से जुड़ा नहीं है, तो भुगतान रुक सकता है या देर से आ सकता है। इसलिए बैंक जाकर या बैंक ऐप से जांच लें कि खाता आधार से जुड़ा और चालू है।
लाडकी बहिन योजना e-KYC की स्थिति कैसे जांचें? (Step by Step)
- सबसे पहले ladakibahin.maharashtra.gov.in की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं।

- होम पेज पर दिए गए “अर्जदार लॉगिन” विकल्प को चुनें।

- लॉगिन पेज पर अपना पंजीकृत मोबाइल नंबर, पासवर्ड और कैप्चा कोड दर्ज करें।
- लॉगिन करने के बाद अपने डैशबोर्ड में आवेदन और e-KYC की वर्तमान स्थिति देखें।
- इसी डैशबोर्ड पर भुगतान से संबंधित जानकारी और आवेदन की स्थिति भी देखी जा सकती है।
Ladki Bahin Yojana e-KYC को लेकर पूछे जाने वाले सवाल – FAQs
लाडकी बहिन योजना e-KYC के लिए कौन सा मोबाइल नंबर जरूरी है?
आधार से जुड़ा मोबाइल नंबर जरूरी है, क्योंकि सत्यापन के लिए OTP भेजा जाता है।
पति या पिता का निधन हो गया हो तो क्या करें?
ऐसी स्थिति में आंगनवाड़ी केंद्र या तहसील कार्यालय जाकर ऑफलाइन प्रक्रिया पूरी करें।
लाडकी बहिन योजना e-KYC में सुधार कैसे करें?
सुधार के लिए सीएससी या आंगनवाड़ी केंद्र पर जाएं और मूल दस्तावेज साथ ले जाएं।